हिसार में घर पर फायरिंग और लाठी-डंडों से हमला: तीन आरोपी गिरफ्तार, पुलिस की कार्रवाई जारी
हिसार (हरियाणा): हिसार के पड़ाव चौक क्षेत्र में दो दिन पहले हुए फायरिंग और लाठी-डंडों से हमले के मामले में पुलिस ने तीन आरोपियों को गिरफ्तार कर लिया है। गिरफ्तार युवकों की पहचान रवि उर्फ कालिया, सुभाष उर्फ मोगली और मनीष के रूप में हुई है।
एसआई विक्रम सिंह ने बताया कि इस वारदात में शामिल बाकी आरोपियों की तलाश जारी है और जल्द ही सभी को गिरफ्तार कर लिया जाएगा।
क्या है पूरा मामला
दो दिन पहले हिसार में 15 से 20 युवकों ने एक घर पर हमला कर दिया था।
उन्होंने घर पर फायरिंग, पथराव और लाठी-डंडों से तोड़फोड़ की। परिवार के लोगों ने अपनी जान बचाने के लिए घर के अंदर छिपकर खुद को सुरक्षित किया।
हमले की वजह गुरु जंभेश्वर यूनिवर्सिटी (GJU) में हुई झड़प बताई जा रही है। दरअसल, कुछ घंटे पहले यूनिवर्सिटी परिसर में एक युवक प्रवीन के साथ झगड़ा हुआ था, जिसके बाद रात में उसी युवक के घर पर हमला कर दिया गया।
पीड़ित आकाश की शिकायत
पीड़ित आकाश कुमार, जो पड़ाव चौक में ही रहता है, ने पुलिस को बताया:
“मंगलवार देर रात करीब 15–20 युवक हथियारों के साथ हमारे घर के सामने आए। उनके हाथों में लाठी-डंडे, तलवारें और पिस्तौल थीं। डर के मारे मैं घर के अंदर चला गया। उन्होंने घर का गेट और खिड़कियां तोड़ दीं और ईंट-पत्थर बरसाने लगे। एक ईंट मेरे पैर पर लगी। कुछ लड़के घर के अंदर घुस आए और जान से मारने की धमकी दी।”
आकाश ने बताया कि सुबह उसके भाई प्रवीन के साथ GJU कैंपस में इन्हीं युवकों ने मारपीट की थी।
FIR में दर्ज धाराएं
पुलिस ने इस मामले में आकाश की शिकायत पर भारतीय न्याय संहिता (BNS) की कई गंभीर धाराओं में केस दर्ज किया है:
धारा 191(2), 191(3), 115(2), 324(6), 333, 351(3), 287 और आर्म्स एक्ट की धारा 25(1-B)a, 54, 59।
कुल 6 युवकों को नामजद किया गया है, जबकि 15 अज्ञात लोगों के खिलाफ भी मामला दर्ज है।
पुलिस की कार्रवाई
पड़ाव चौकी प्रभारी एसआई विक्रम सिंह के अनुसार,
“तीनों मुख्य आरोपियों को गिरफ्तार कर लिया गया है। पुलिस की टीमें बाकी फरार युवकों की तलाश में लगातार छापेमारी कर रही हैं। किसी भी आरोपी को बख्शा नहीं जाएगा।”
हमले से क्षेत्र में दहशत
इस घटना के बाद पड़ाव चौक और आसपास के इलाकों में दहशत का माहौल है। स्थानीय लोगों ने पुलिस से इलाके में रात के समय गश्त बढ़ाने की मांग की है ताकि ऐसी घटनाओं की पुनरावृत्ति न हो।
