सुशांत सिंह राजपूत केस: 4 साल बाद भी अधूरा सच, परिवार ने CBI की क्लोजर रिपोर्ट पर उठाए सवाल

सुशांत सिंह राजपूत केस: 4 साल बाद भी अधूरा सच, परिवार ने CBI की क्लोजर रिपोर्ट पर उठाए सवाल



14 जून 2020… वही दिन जब बॉलीवुड एक्टर सुशांत सिंह राजपूत की मौत की खबर ने पूरे देश को झकझोर दिया। मुंबई स्थित उनके घर में उनकी डेडबॉडी पंखे से लटकी मिली। शुरुआती जांच में यह सुसाइड केस बताया गया, लेकिन परिवार ने इसे साजिश करार दिया।
चार साल छह महीने बीत चुके हैं, और अब मार्च 2025 में CBI ने केस में फाइनल क्लोजर रिपोर्ट फाइल कर दी — जिसमें कहा गया कि सुशांत को आत्महत्या के लिए उकसाने का कोई सबूत नहीं मिला।
हालांकि, परिवार इस रिपोर्ट को मानने से इंकार कर रहा है और अब कोर्ट में प्रोटेस्ट पिटीशन डालने की तैयारी कर रहा है।


 परिवार का आरोप: रिपोर्ट अधूरी और पक्षपातपूर्ण

सुशांत के परिवार का कहना है कि CBI ने केस की गहराई से जांच नहीं की।
रिपोर्ट में कई सवालों के जवाब नहीं हैं —

  • वॉट्सएप चैट, मेडिकल रिपोर्ट, कॉल रिकॉर्ड्स या बैंक डिटेल्स जैसी कोई ठोस सामग्री पेश नहीं की गई।

  • पैसों की गड़बड़ी और मानसिक दबाव के एंगल को नजरअंदाज कर दिया गया।

  • आरोपियों को क्लीनचिट दे दी गई, लेकिन उसके पीछे का आधार स्पष्ट नहीं किया गया।


 सुशांत की डायरी से खुलासा: “नो स्मोकिंग, नो एल्कोहल… अब जिंदगी बदलनी है”

CBI रिपोर्ट में सुशांत की डायरी का भी जिक्र है।
उसमें उन्होंने अपने लाइफस्टाइल को बदलने और मानसिक तनाव दूर करने की बात लिखी थी —

“नो मैरिजुआना, नो स्मोकिंग, नो एल्कोहल।
योग करेंगे, खेती-बागवानी करेंगे, पालतू जानवर रखेंगे।”

परिवार का कहना है कि जो व्यक्ति जीवन सुधारने की योजना बना रहा हो, वो आत्महत्या क्यों करेगा?


 वकील वरुण सिंह बोले – “CBI को सबूतों के साथ रिपोर्ट पेश करनी चाहिए थी”

परिवार की ओर से केस लड़ रहे एडवोकेट वरुण सिंह का कहना है –

“अगर इसे सुसाइड मान भी लें तो वजह क्या थी?
CBI ने न मेडिकल एनालिसिस दी, न बातचीत के रिकॉर्ड।
सुशांत को जो दवाइयां दी गईं, उनका असर क्या था — यह तक नहीं बताया गया।”


 रिया-शौविक के फ्लैट छोड़ने के 4 दिन बाद हुई मौत

CBI रिपोर्ट में कहा गया कि 8 जून 2020 को रिया चक्रवर्ती और उसके भाई शौविक ने सुशांत का फ्लैट छोड़ दिया था।
14 जून को उनकी मौत हो गई।
परिवार का सवाल है —

“अगर दोनों ने सुशांत को छोड़ा था, तो अगले चार दिन में क्या हुआ?
आखिरी बातचीत (10 जून) में क्या बात हुई थी, ये अब तक कोई नहीं जानता।”


 “सुशांत को बंधक बनाकर रखा गया” – परिवार के दावे पर CBI का इंकार

परिवार ने आरोप लगाया था कि सुशांत को मानसिक रूप से कंट्रोल और ब्लैकमेल किया जा रहा था।
CBI ने अपनी रिपोर्ट में कहा कि ऐसे कोई सबूत नहीं मिले, जो यह साबित करें कि उन्हें बंधक बनाया गया या किसी ने मजबूर किया।
लेकिन वकील का कहना है —

“अगर CBI के पास सबूत नहीं हैं, तो इसे गलत साबित करने के लिए डॉक्यूमेंट्स क्यों नहीं दिखाए गए?”


 परिवार बोला – “सुशांत मानसिक रूप से बेहद मजबूत थे”

सुशांत के कजिन अनुज सिंह कहते हैं –

“हमें अभी तक इंसाफ नहीं मिला। सुशांत मानसिक रूप से मजबूत थे।
उन्हें सिर्फ गलत दवा देकर कमजोर किया जा सकता था।”

वहीं उनके चचेरे भाई चंदन सिंह कहते हैं –

“वो इंजीनियरिंग के टॉपर थे, खुद मेहनत से आगे बढ़े।
उन्होंने खुद लिखा था कि वो अपनी कमियों को दूर करेंगे।
ऐसे इंसान के साथ कुछ गलत हुआ है — और जांच अधूरी है।”


 कोर्ट में अब अगली सुनवाई 20 दिसंबर

CBI ने मार्च 2025 में रिपोर्ट दाखिल की थी लेकिन कोई डॉक्यूमेंट अटैच नहीं किए।
अब परिवार कोर्ट से मांग कर रहा है कि रिपोर्ट पर दोबारा विचार हो।
20 दिसंबर को पटना कोर्ट में अगली सुनवाई होगी।
अगर कोर्ट को लगे कि रिपोर्ट अधूरी है, तो वह केस को री-ओपन करने का आदेश भी दे सकता है।


 रिया चक्रवर्ती 27 दिन जेल में रहीं

सुशांत की मौत के डेढ़ महीने बाद, 25 जुलाई 2020 को उनके पिता के.के. सिंह ने FIR दर्ज करवाई थी।
रिया पर आरोप था कि उन्होंने सुशांत को मानसिक रूप से प्रताड़ित किया और आत्महत्या के लिए उकसाया।
बाद में ड्रग्स केस में रिया और उनके भाई शौविक गिरफ्तार हुए।
रिया 27 दिन जेल में रहीं, जबकि शौविक को 3 महीने की हिरासत में रहना पड़ा।

Leave a Comment